Wednesday, July 17, 2019
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इंडोनेशिया में एक 14 वर्षीय लड़का देता है मुर्गियों की तरह अंडे

आपने अब तक पशु पक्षियों और मुर्गियों को ही अंडे देते सुना होगा अंडे से बनाई जाने वाली हर चीज़ के बारे में भी आप बखूबी जानते होंगे इंसानों को अंडे देने और मिलने की बात हो तो परीक्षा और टीचर द्वारा परीक्षा में दिए जाने वाले नंबर और अंडे की बात होती है अक्सर ये सवाल पूछा जाता है कि दुनिया में सबसे पहले अंडा आया या मुर्गी आई। हालांकि, इसका सही जवाब आजतक किसी को मालूम नहीं चल सका। खैर ये सवाल भले ही समझ में न आया हो लेकिन हम ये बात जरुरु जानते हैं कि अंडा मुर्गी ही देती है। हालांकि, अंडे कई अन्य जानवर भी देते है लेकिन हम सभी मुर्गी के अंडे खाना ही पसंद करते हैं। लेकिन, आज हम आपको एक ऐसे शख्स के बारे में बताने जा रहे हैं जो मुर्गी न होने के बावजूद अंडे देता है। जी हां। हम एक ऐसे इंसान की बात कर रहे हैं जो अंडे देता है। ये बच्चा मुर्गी की तरह अंडे देता है।कमाल की बात तो ये है कि वह अभी तक 20 अंडे दे चुका है। इंडोनेशिया में एक 14 वर्षीय लड़के का कहना है कि वह साल 2016 से अंडे दे रहा है। इंडोनेशिया के प्रांत दक्षिण सुलावेसी में रहने वाले अकमल को देखकर डॉक्टर भी चकित कर गए जब उन्होंने उनके सामने अंडे रखे और लगभग दो दर्जन अंडे देने का दावा किया। अकमल को उसकी हालत के लिए बार-बार अस्पताल में भर्ती कराया गया।

इंडोनेशिया में एक 14 वर्षीय लड़के का कहना है कि वह साल 2016 से अंडे दे रहा है। इंडोनेशिया के प्रांत दक्षिण सुलावेसी में रहने वाले अकमल को देखकर डॉक्टर भी चकित कर गए जब उन्होंने उनके सामने अंडे रखे और लगभग दो दर्जन अंडे देने का दावा किया। अकमल को उसकी हालत के लिए बार-बार अस्पताल में भर्ती कराया गया। अकमल ने पिछले दो सालों में 18 अंडे दिये हैं और हाल ही में 22 फरवरी को उसने डॉक्टरों को दो अंडे दिखाये हैं। डॉक्टरों ने हैरान होते हुए कहा है कि मानव शरीर के अंदर अंडे बनने की यह घटना असंभव है। इस बात का पुख्ता सबूत जानने के लिए डॉक्टर्स ने अकमल के पेट का सोनोग्राफी किया जिसमे पता चला कि उसके पेट में वाकई अंडे हैं। डॉक्टर्स ने परिक्षण के बाद माना कि ये अंडे मुर्गी के हैं। अकमल के पिता ने बताया कि जब मैंने अंडे को फोड़ा तो वह अंदर से पूरी तरह पीला था। लेकिन, जब एक महीने बाद दूसरा अंडा फोड़ा तो वह पूरी तरह से सफ़ेद था। हालांकि, डॉक्टर्स इस गुत्थी को सुलझा नहीं पाएं हैं